police

 
  • जोहान्सबर्ग से चिट्ठी – 21

    भारत में पुलिस का नाम सुनते ही मुसीबत याद आ जाती है. आप भले ही किसी की मदद के लिए ही थाने में क्यों ना जाए लेकिन पुलिस आपकी मुजरिमों से कम सेवा पानी...
    नवंबर 17, 2016 ओये बांगड़ू
  • जोहान्सबर्ग से चिट्ठी -8

    अभी जियो खरीदने के लिए हमने डाक्यूमेंट तो दिए ही दिए साथ में आठ सौ रूपये तक दे डाले मगर जोहान्सबर्ग में फ्री में बिना डाक्यूमेंट के सिम . गाडी के कागज...
    अक्टूबर 25, 2016 ओये बांगड़ू