भारत

 
  • World Food Day- ग्लोबल हंगर इंडेक्स में लगातार पिछड़ता भारत

    भारत में आज़ादी के 7 दशकों बाद भी करोड़ों लोग ऐसे है जिन्हें दो वक़्त की रोटी भी नहीं मिल पाती. एक तरफ लोग खाने को कूड़े में फेंक देते है तो दूसरी तरफ कुछ...
    अक्टूबर 16, 2018 ओये बांगड़ू
  • बापू के बाद भारत की असल तस्वीर

    महात्मा गांधी के जाने के सालों बाद भी भारत की तस्वीर वैसी नहीं बन पाई जैसी ‘बापू’ ने सोची थी.  वैसे देशवासी शुरू से ही समाजवाद को मानने से इनकार करते ...
    अक्टूबर 2, 2018 ओये बांगड़ू
  • रहिये न बेखबर द्रविड़नाडू पर

    युवा दीप पाठक इतने ज्यादा युवा हैं कि उन्होंने खुद के नाम के आगे युवा परमानेंट लगा लिया है .’दिल जवां तो तू जवां’ की फिलोसफी पर यक...
    जून 1, 2017 ओये बांगड़ू
  • भारत पूरी तरह आजाद नहीं हो पाया

    ‘यदि मुझे लगा कि संविधान का दुरुपयोग किया जा रहा है, तो मैं इसे सबसे पहले जलाऊंगा’ भारत के संविधान को जलाने की बात किसी और ने नहीं...
    अप्रैल 14, 2017 ओये बांगड़ू
  • 26 जनवरी: भारत के संविधान के बारे में खास

    26 जनवरी का दिन अपने आप में खास है. आज ही के दिन 2 साल 11 महीने, 18 दिन की मेहनत करने के बाद सबसे बड़ा भारतीय इतिहास अस्तित्व में आया था. डॉ.भीमराव अम्...
    जनवरी 26, 2017 ओये बांगड़ू
  • पाद- विश्व बंधुत्व के नाम

    पादते सब है लेकिन बताता कोई नहीं ,उल्टा इसका नाम सुनते ही अजीबो गरीब रिएक्शन देने लगते है और पाद बेचारा है कि जात-पात के या अन्य कोई भेदभाव किये बिना ...
    दिसंबर 30, 2016 ओये बांगड़ू
  • नांगलोई की ख़ास प्रतिमा

    ऐसे बहुत कम लोग है जो सही मायनो में देश की रक्षा करते हुए शहीद होने वाले वीर जवानों को याद करते हुए उन्हें एक सच्ची श्रधांजलि देते है. दिल्ली के नांगल...
    दिसंबर 8, 2016 ओये बांगड़ू
  • भारत बंद का एलान करने वालों यह पढ़ डालो

    नोट देवता के नए अवतार में आने के बाद हर कोई उन्हीं की चर्चा कर रहा हैं। नोट देवता गुलाबी क्या हुए लोग अपने काले नोट देवता को लेकर परेशान होने लगे और ग...
    नवंबर 27, 2016 ओये बांगड़ू
  • कर्बला कथा – अध्याय 3

    मोहर्रम को ठीक से समझने के लिए इस्लाम के उस हिस्से को समझना जरूरी है जहाँ से ये सब शुरू हुआ . हिन्दुस्तान भी कर्बला से जुड़ा है ये बता रहे हैं हैदर रिज...
    अक्टूबर 14, 2016 ओये बांगड़ू
  • हरिशंकर परसाई : देशभक्ति का ओवर डोज

    हरिशंकर परसाई के व्यंग्य रचनाएँ हमारे मन में गुदगुदी ही पैदा नहीं करतीं बल्कि हमें उन सामाजिक वास्तविकताओं के आमने–सामने खड़ा करती है, जिनसे किसी भी ...
    अक्टूबर 8, 2016 ओये बांगड़ू